सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप में विधायक महबूब आलम पर हुआ प्राथमिकता दर्ज..

Md karim Didar
Writer -


विधायक महबूब आलम की खासियत यह है कि वे गरीबों के बीच काफी लोकप्रिय है। वे अक्सर गरीबों के लिए सरकार से लड़ जाते हैं। लोगों की समस्याओं के समाधान के लिए उन्हें सड़क पर भी उतरना पड़े तो वे बिना देरी सड़क पर भी उतर जाते है। ऐसे ही एक मामले ने विधायक महबूब आलम की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। हुआ यूं कि 5 दिन पूर्व 22 मई सोमवार को विधायक महबूब आलम के नेतृत्व में फुटकर दुकानदारों एवं रजिस्ट्री ऑफिस में काम करने वाले कातिबो का थीं।  विधायक ने बारसोई रजिस्ट्री ऑफिस के सामने जमकर हल्ला बोला था। उनका ये विरोध प्रदर्शन जिला प्रशासन के उस आदेश के खिलाफ़ था, जिसमें अतिक्रमण को लेकर फुटकर दुकानदारों को रजिस्ट्री ऑफिस के सामने से दुकान हटाने के आदेश दिए गए थे। इस विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने रजिस्ट्री ऑफिस के अंदर जाकर कार्य भी बाधित कर दिया था। बस इसी बात को लेकर जिला प्रशासन द्वारा सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने को लेकर बलरामपुर विधायक महबूब आलम के विरुद्ध प्राथमिकि दर्ज कर ली गई है। थाने में दर्ज कांड संख्या 160/23 के तहत विधायक महबूब आलम पर धारा 143 और 353 लगाई गई है, जो सरकारी काम में बाधा पहुंचाने को लेकर लगाई जाती है। इस मामले को लेकर विधायक महबूब आलम का कहना है कि उन पर जो मुकदमा दर्ज किया गया है वो बिल्कुल झूठा है। उन्होंने तो सिर्फ गरीबों और मजलूमों की आवाज उठाई है।